आरबीआई का बैंकों को सख्त निर्देश: सभी शाखाओं में जमा पर एकसमान ब्याज दर अनिवार्य
नया नियम: एक ही दिन, एक जैसी जमा, एक समान ब्याज
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंकों को सख्त निर्देश दिए हैं कि सभी शाखाओं में जमा
पर एकसमान ब्याज दर अनिवार्य होगी। यह नियम एक ही दिन, एक जैसी जमा, एक समान ब्याज के आधार पर लागू होगा।
वेबसाइट पर दरों का प्रकाशन अनिवार्य
भारतीय रिज़र्व बैंक ने स्पष्ट किया है कि सभी बैंकों को अपनी विभिन्न शाखाओं में
एक ही दिन समान राशि की जमा स्वीकार किए जाने पर एकसमान ब्याज दर प्रदान करनी होगी।
ग्राहकों के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं किया जा सकता।
जमा पर दी जाने वाली ब्याज दरें, जिनमें थोक जमा भी शामिल हैं, बैंकों की वेबसाइट
पर पहले से घोषित दरों के अनुरूप ही होनी चाहिए। किसी भी बैंक के लिए यह स्वीकार्य
नहीं होगा कि एक ही दिन स्वीकार की गई समान राशि की जमा पर अलग-अलग ग्राहकों को अलग-अलग
ब्याज दरें दें।
सुबह 10 बजे तक अपडेट करनी होंगी दरें
बैंकों को हर कारोबारी दिन सुबह 10 बजे तक अपनी वेबसाइट पर थोक जमा की ब्याज दरें सार्वजनिक करनी होंगी। हालांकि, इस समय-सीमा में अधिकतम 10 मिनट की छूट प्रदान की गई है। इसका अर्थ यह है कि बैंकों को सुबह 10 बजकर 10 मिनट तक ब्याज दरों
को अद्यतन करना अनिवार्य होगा।
एलसीआर ढांचे के तहत सीमित छूट
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंकों को तरलता कवरेज अनुपात ढांचे के तहत थोक जमा पर
अलग-अलग ब्याज दर देने की एक सीमित छूट भी प्रदान की है। हालांकि, यह छूट तभी लागू होगी जब ब्याज दरों में यह अंतर वैध वित्तीय
मानकों के आधार पर उचित ठहराया जा सके।
एक अक्टूबर 2026 से होंगे नियम प्रभावी
ये निर्देश एक अक्टूबर 2026 से प्रभावी होंगे।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बताया कि इस नियम को जून में जारी दिशानिर्देशों के मसौदे पर
विभिन्न हितधारकों से प्राप्त प्रतिक्रिया के उपरांत अंतिम रूप दिया गया है।
